हवसी और गुंडों पर खाकी का विधिक हंटर

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चोइथराम मंडी में चाकूबाजी करने वाले तीनों बदमाश गिरफ्तार पुलिस ने कान पकड़वाकर निकाला जुलूस सरेआम लगवाए नारे—”गुंडागर्दी पाप है!

इंदौर। कानून व्यवस्था को सरेआम चुनौती देने वाले और रिहायशी व व्यापारिक क्षेत्रों में अपनी अवांछित पहलवानी दिखाने वाले असामाजिक तत्वों के खिलाफ राजेंद्र नगर थाना पुलिस ने एक ऐसा कड़ा और ऐतिहासिक विधिक प्रहार किया है, जिससे समूचे आपराधिक जगत में हड़कंप मच गया है। चोइथराम मंडी क्षेत्र में सरेआम धारदार हथियारों से जानलेवा हमला करने वाले तीन कुख्यात बदमाशों को पुलिस ने न केवल चंद घंटों में दबोचा, बल्कि साक्ष्य अधिनियम और कानून के इकबाल को बुलंद करने के लिए शनिवार को उसी मंडी परिसर में उनका विधिक जुलूस (सार्वजनिक शिनाख्त परेड) निकाला। इस दौरान अपराधियों का सारा रसूख और हेकड़ी धरी की धरी रह गई और वे सरेराह कान पकड़कर गिड़गिड़ाते नजर आए।

शराब के पैसों के लिए विधिक जानलेवा हमला

प्राप्त प्रामाणिक विवरण और राजेंद्र नगर थाने में दर्ज आधिकारिक प्राथमिकी (FIR) के अनुसार, यह जघन्य वारदात 27 मई की है। चोइथराम मंडी के गेट नंबर-1 के समीप स्थित मोनिका कैंटीन के सामने, मंडी में ही हम्माली का कार्य करने वाले आदतन अपराधी धर्मेंद्र राजपूत (निवासी सिलिकॉन सिटी), आकाश उर्फ कट्टी (निवासी न्यू प्रकाश नगर झोपड़पट्टी) और उसके साथी गणेश ने एक राहगीर को विधिक रूप से रोककर अवैध वसूली की नीयत से शराब पीने के लिए रुपयों की मांग की थी। जब पीड़ित ने अपनी गाढ़ी कमाई के पैसे देने से साफ इनकार कर दिया, तो इन बदमाशों ने कानून को हाथ में लेते हुए गाली-गलौज शुरू कर दी और जान से मारने की नियत से उसके पेट में चाकू घोंप दिया।

बीच-बचाव करने वालों पर भी क्रूर वार

इस जानलेवा हमले के दौरान जब मौके पर चीख-पुकार मची, तो समाज के सजग नागरिकों—सुनील, रणजीत और अरुण—ने न्याय के प्राकृतिक सिद्धांतों के तहत पीड़ित को बचाने का विधिक प्रयास किया। परंतु हवस और नशे के सरूर में डूबे इन तीनों गुंडों ने उन निहत्थे मददगारों पर भी ताबड़तोड़ चाकू चलाकर उन्हें लहूलुहान कर दिया और मौके से फरार हो गए। पुलिस ने पीड़ितों की गंभीर चिकित्सकीय स्थिति को देखते हुए तत्काल मर्ग कायम कर भारतीय न्याय संहिता की जानलेवा हमले और अवैध वसूली की संगीन व गैर-जमानती धाराओं के तहत प्रकरण पंजीकृत कर विधिक अनुसंधान प्रारंभ किया।

कान पकड़कर बोले—पुलिस हमारी बाप है!

राजेंद्र नगर थाना प्रभारी के कुशल नेतृत्व में गठित विशेष खोजी दल ने आधुनिक तकनीकी साक्ष्यों और मुखबिर तंत्र की मदद से घेराबंदी करते हुए तीनों आरोपियों—धर्मेंद्र, आकाश उर्फ कट्टी और गणेश—को उनके संभावित ठिकानों से विधिक रूप से गिरफ्तार कर लिया। पुलिस ने साक्ष्य अधिनियम के तहत आरोपियों के कब्जे से वारदात में प्रयुक्त विस्मयकारी धारदार चाकू भी बरामद कर लिए हैं। शनिवार दोपहर को जब इन अपराधियों को कोर्ट में पेश करने की विधिक प्रक्रिया चल रही थी, उससे पूर्व पुलिस ने आम व्यापारियों और जनता के भीतर से भय का वातावरण समाप्त करने के लिए चोइथराम मंडी में इनका पैदल जुलूस निकाला। जनता के सामने आते ही इन गुंडों का सारा रसूख मलबे में तब्दील हो गया और ये तीनों सरेआम अपने दोनों कान पकड़कर उठक-बैठक लगाते हुए चिल्लाने लगे—गुंडागर्दी पाप है, पुलिस हमारी बाप है। खाकी की इस तीखी और कड़ी दंडात्मक कार्रवाई से अवंतिका के व्यापारिक संगठन बेहद गदगद हैं और पुलिस प्रशासन की इस कड़क कार्यप्रणाली की चहुंओर प्रशंसा हो रही है।